अयोध्या। उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की सदस्य डा. प्रियंका मौर्या ने आज सर्किट हाउस अयोध्या में महिला उत्पीड़न से संबंधित मामलों की जनसुनवाई की। इस दौरान लगभग 51 प्रकरण प्राप्त हुए, जिन्हें डा. प्रियंका मौर्या ने गंभीरता से सुना और तत्काल समाधान के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए।
जनसुनवाई में महिला उत्पीड़न, घरेलू हिंसा, मार-पीट, पुलिस द्वारा दुर्व्यवहार, कब्जे से संबंधित मामलों और दहेज उत्पीड़न जैसे मुद्दे शामिल थे। कई मामलों में महिलाओं की भावनाएं जुड़ी हुई थीं, जिन्हें डा. मौर्या ने धैर्यपूर्वक सुना और उन्हें विश्वास दिलाया कि वे उनके साथ हैं और उन्हें न्याय जरूर मिलेगा।महिलाओं के अधिकारों की रक्षा के लिए सरकारी योजनाओं का लाभ दिलवाने का निर्देश
राज्य महिला आयोग की सदस्य डा. प्रियंका मौर्या ने कहा कि जनसुनवाई के दौरान जो भी पीड़ित महिलाएं आईं हैं, उनकी समस्याओं का त्वरित निस्तारण किया जाएगा। उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों से संवाद कर प्रकरणों के त्वरित समाधान के लिए निर्देश दिए। साथ ही, सरकार द्वारा चलायी जा रही जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पीड़ित महिलाओं और उनके बच्चों को दिलवाने के लिए अधिकारियों को आदेशित किया।
उन्होंने बताया कि राज्य महिला आयोग के सदस्य सभी जनपदों में जनसुनवाई करते हैं, ताकि महिलाएं सीधे अपनी शिकायतें रख सकें और उन्हें उचित न्याय मिल सके। इसके अलावा, डा. मौर्या ने पीड़ित महिलाओं से अपील की कि वे अपने अधिकारों के लिए आवाज उठाएं और किसी भी उत्पीड़न के खिलाफ मजबूती से लड़ें।
महिलाओं के लिए टोल फ्री नंबर 1090 व डायल 112 की उपलब्धता
डा. प्रियंका मौर्या ने महिलाओं को जानकारी दी कि उनकी मदद के लिए टोल फ्री नंबर 1090 और डायल 112 सक्रिय हैं। महिलाओं को इन नंबरों का उपयोग करते हुए उत्पीड़न की शिकायतें दर्ज करानी चाहिए।
इस अवसर पर उपजिलाधिकारी अरविंद कुमार, जिला प्रोबेशन अधिकारी अश्विनी कुमार, पुलिस उपाधीक्षक योगेन्द्र कुमार, जिला सूचना अधिकारी संतोष कुमार द्विवेदी सहित संबंधित विभाग के अधिकारी, कर्मचारी और शिकायतकर्ता उपस्थित थे।