श्री रामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने रविवार को मणिरामदास की छावनी में बैठक की. अध्यक्षता ट्रस्ट के अध्यक्ष महंत नृत्यगोपाल दास ने की. बैठक में ट्रस्ट ने आय-व्यय की रिपोर्ट प्रस्तुत की.
ट्रस्ट के महासचिव चंपतराय ने बताया, रामजन्मभूमि परिसर पर पांच सालों में 2150 करोड़ रुपये खर्च किये गये हैं. मंदिर निर्माण पर अकेले 1200 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं।
ट्रस्ट ने आय-व्यय की रिपोर्ट पेश की
राम मंदिर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने बताया कि पांच फरवरी 2020 को ट्रस्ट का गठन हुआ. 28 फरवरी 2025 तक पांच वर्षों में ट्रस्ट के एकाउंट से सरकार की विभिन्न एजेंसियों को 396 करोड़ रुपये का भुगतान हुआ है।
272 करोड़ रुपये जीएसटी दिया: 272 करोड़ सरकार को जीएसटी के रूप में गया है. 39 करोड़ टीडीएस सरकार के एकाउंट में जमा हुआ है. 14 करोड़ लेबर सेस का जमा हुआ है. पीएफ, ईएसआई पर लगभग 7.4 करोड़ रुपये दिया गया है.
नक्शा पास कराने के लिए पांच करोड़ दिये : इंश्योरेंस पॉलिसी के लिए चार करोड़ रुपये दिए गए हैं. जन्मभूमि के नक्शे को स्वीकृत कराने के लिए पांच करोड़ का भुगतान हुआ. अयोध्या में जमीनें खरीदी हैं. जितने मूल्य की खरीदी, उस पर स्टांप ड्यूटी दी गई है.
14.90 करोड़ सरकार को दी रॉयल्टी : इस पर करीब 29 करोड़ दिए गए हैं. 10 करोड़ बिजली के बिल के रूप में जमा किया गया है. 14.90 करोड़ रॉयल्टी के रूप में सरकार को दिया गया है. पत्थर, गिट्टी, ग्रेनाइट जहां से आई, वहां की सरकार को भी रॉयल्टी दी गई है।